जड़ी-बूटियों, आयुर्वेदिक फॉर्मुलेशन के लिए क्लीनिकल ट्रायल जरूरी:लाइफ क्वालिटी बेहतर बनाने के लिए भारत ही नहीं, अब दुनियाभर में अपनाया जा रहा ‘साइंटिफिक-आयुर्वेद’
आयुर्वेद की प्रसिद्ध अवधारणा ‘दिनचर्या’ आज भी उतनी ही प्रासंगिक है, जितनी आधुनिक जीवनशैली से पहले थी। तय समय पर जागना, सही वक्त पर खाना, कसरत, पूरी नींद और खान-पान में संयम इसका मूल मंत्र है। विज्ञान भी अब इन आदतों को सही मानता है, बस भाषा अलग है। मसलन सर्केडियन साइकल, मेटाबॉलिज्म और बिहेवियरल…
