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जमुई में डीएम-एसपी ने उठाई झाड़ू, 2 घाटों पर श्रमदान:गंगा उत्सव पर स्वच्छता अभियान, नदियों-तालाबों से हटाया गया कचरा और जलकुंभी




जमुई में गंगा उत्सव-2026 के अवसर पर शुक्रवार को व्यापक स्वच्छता और जन-जागरूकता अभियान चलाया गया। अभियान के तहत जिला मुख्यालय के त्रिपुरारी घाट और हनुमान घाट पर डीएम नवीन और एसपी विश्वजीत दयाल ने खुद झाड़ू लगाकर श्रमदान किया। उनके साथ जिला स्तरीय अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी सफाई की। प्रशासन ने इस अभियान को जिले के सभी प्रखंडों तक पहुंचाया। त्रिपुरारी घाट और हनुमान घाट पर डीएम नवीन और एसपी विश्वजीत दयाल की मौजूदगी में विशेष सफाई अभियान चलाया गया। दोनों अधिकारियों ने हाथ में झाड़ू लेकर घाटों की सफाई की। इस दौरान घाटों पर जमा कचरा, प्लास्टिक और जलकुंभी हटाई गई। अधिकारियों ने लोगों को जल स्रोतों को प्रदूषण मुक्त रखने का संदेश भी दिया। सभी प्रखंडों में एक साथ चला अभियान जिला मुख्यालय के अलावा सभी प्रखंडों में भी स्वच्छता अभियान चलाया गया। प्रखंड विकास पदाधिकारियों के नेतृत्व में नदियों, तालाबों, पोखरों और अन्य जल निकायों की सफाई की गई। अधिकारियों ने गांवों में जल स्रोतों का निरीक्षण कर स्थानीय लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। सफाई में ग्रामीणों ने भी बढ़ाया हाथ अभियान में कई जगहों पर ग्रामीणों ने भी प्रशासन के साथ श्रमदान किया। लोगों को जल स्रोतों में कचरा, प्लास्टिक और अन्य अपशिष्ट नहीं डालने के लिए जागरूक किया गया। प्रशासन ने स्वच्छता अभियान में जनभागीदारी को जरूरी बताया। जल स्रोतों का संरक्षण सबकी जिम्मेदारी डीएम और एसपी ने कहा कि नदियों और तालाबों को स्वच्छ रखना सिर्फ प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक का नैतिक और सामाजिक कर्तव्य है। जल स्रोत हमारी प्राकृतिक धरोहर हैं। इनका संरक्षण आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए जरूरी है। स्वच्छता को जीवनशैली बनाने की अपील अधिकारियों ने जिलावासियों से अपने आसपास के जल स्रोतों के पास साफ-सफाई बनाए रखने और ऐसे अभियानों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि जल में कूड़ा-कचरा, प्लास्टिक या अपशिष्ट पदार्थ नहीं डालने का संकल्प लेना होगा। छोटे जल स्रोतों के संरक्षण पर जोर गंगा उत्सव आमतौर पर गंगा नदी के संरक्षण और उसके महत्व को लेकर मनाया जाता है। इस बार जमुई प्रशासन ने इसे जिले के छोटे-बड़े सभी जल स्रोतों के संरक्षण से जोड़ा है। प्रशासन का मानना है कि स्वच्छता किसी एक दिन का अभियान नहीं, बल्कि इसे जीवनशैली का हिस्सा बनाना जरूरी है।



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