दिल्ली2 मिनट पहले
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दिल्ली नगर निगम के सदन में शुक्रवार को प्रदूषण पर बहस के दौरान हंगामे हो गया। इस दौरान पार्षदों ने माइक्रोफोन तोड़ने और फाइलें फेंकने की कोशिश की।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दिल्ली में प्रदूषण से कैसे निपटा जाए, इस पर सदन में चर्चा होनी थी। लेकिन बैठक शुरू होते ही जोरदार हंगामा, धक्का-मुक्की और तोड़फोड़ में बदल गई।
भाजपा और आप के पार्षदों ने एक-दूसरे पर चिल्लाया, पानी फेंका और फाइलें उड़ाईं। इसमें कांग्रेस के पार्षद भी शामिल थे।
हालात इतने बिगड़ गए कि मार्शलों को बीच-बचाव करके मेयर प्रवेश वाही को सुरक्षित बाहर निकालना पड़ा।
मामले से जुड़ी दो तस्वीरें…

कई पार्षद एक साथ स्पीकर की चेयर तक चले गए और उन्होंने वहां फाइलें खींचने की कोशिश की।

सदन में स्थिति को संभालने के लिए मार्शलों को अंदर आना पड़ा।
दावा- आप पार्षदों ने ₹1 करोड़ की मांग की
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सारा विवाद तब शुरू हुआ जब आप पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों के विकास के लिए तुरंत फंड जारी करने की मांग की। इस पर मेयर वाही ने तुरंत 25 लाख रुपए देने का ऐलान किया और कहा कि इस वित्तीय वर्ष में पार्षदों को कुल 2 करोड़ रुपए दिए जाएंगे।
मेयर के इस ऐलान से भी विपक्ष शांत नहीं हुआ। आप पार्षदों की मांग थी कि तुरंत मिलने वाले इस फंड को बढ़ाकर कम से कम 1 करोड़ रुपये किया जाए। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद और बढ़ गया।
खबर अपडेट हो रही है।…

