![]()
अधर्म पर धर्म और असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक विजयादशमी बुधवार को बेगूसराय में धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। इस अवसर पर जिले के विभिन्न स्थानों पर रावण वध कार्यक्रम आयोजित किए गए। पुतला दहन देखने के लिए दूर-दूर से हजारों लोग पहुंचे। जिले का मुख्य आयोजन जीरोमाइल स्थित हर्ल टाउनशिप कैंपस के मैदान में हुआ, जहां 50-50 फीट ऊंचे रावण और कुंभकरण के पुतलों का दहन किया गया। पहले जला कुंभकरण का पुतला, फिर रावण का हुआ दहन हर्ल टाउनशिप कैंपस के मैदान में रावण दहन कार्यक्रम को लेकर लोगों में खासा उत्साह रहा। शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों से बड़ी संख्या में लोग परिवार के साथ पहुंचे। मैदान में बच्चों और युवाओं की भीड़ रही। सभी की नजरें विशाल पुतलों पर टिकी थीं। परंपरा के अनुसार, रावण वध से पहले कुंभकरण के 50 फीट ऊंचे पुतले का दहन किया गया। पुतले में आग लगते ही वह धू-धू कर जलने लगा। इस दौरान आतिशबाजी और जयकारों से मैदान गूंज उठा। इसके बाद कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण 50 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। आतिशबाजी से रंगीन हुआ आसमान, गूंजे जय श्रीराम के नारे रावण के पुतले में आग लगते ही आतिशबाजी शुरू हो गई। आसमान रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगा उठा। पुतले को जलते देख मैदान में मौजूद लोगों ने जय श्रीराम के जयकारे लगाए। रावण का पुतला जलकर राख होने के साथ ही लोगों ने असत्य पर सत्य और बुराई पर अच्छाई की जीत का उत्सव मनाया। परिवार के साथ रावण वध देखने पहुंचे लोग विजयादशमी के मौके पर हर्ल टाउनशिप कैंपस में आयोजित कार्यक्रम को लेकर लोगों में उत्साह दिखा। बड़ी संख्या में लोग बच्चों और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ रावण दहन देखने पहुंचे। जिले के अलग-अलग हिस्सों में भी रावण वध कार्यक्रम आयोजित किए गए। पूरे आयोजन के दौरान विजयादशमी का उत्सवी माहौल बना रहा।
Source link
बेगूसराय में 50-50 फीट के रावण-कुंभकरण का दहन:आतिशबाजी से गूंजा मैदान, जय श्रीराम के जयकारों के बीच मनाया गया विजयादशमी का पर्व
